Chapter 1: · Page 3 of 7Overall 3 / 73 · preview 5
"देखिए यहां सबको काम मिलेगा हमने नही कहा यह हमारे नीड और जरूरत के अनुसार डिसाइड किया जाता है।जो हमे मिल चुकी है। अब आप जा सकते है।"असिस्टेंट ये कह कर अंदर के तरफ चला जाता है।
सब सोचने लगे और निराश हो कर वापस जाने लगे। त्रिशा का भी ऑडिशन हो चुका था। उसका जी अंदर से बहुत घबरा रहा था।की वहा इतनी खूबसूरत लड़कियां आई हुई थी। और मैं कितनी सिंपल शायद उन्ही में से किसी को सिलेक्ट किया गया होगा। और भी बहुत से गंदे विचार थे ,जो त्रिशा के मन में आ रहा था।आखिर आए भी तो क्यों न ?फिल्म इंडस्ट्री में ऐसे काम हर रोज सामने आते ही रहते है ।जिनमे लड़किया खुदको हीरोइन बनने के लिए अपने आपको किसी प्रोड्यूसर या किसी डॉयरेक्टर के बिस्तर पर लेटा लेती है।
त्रिशा ये सोचते हुए अपने चौल में पहुंचती है।,जहा दुसरे जगहों से स्ट्रगलर आ कर रहते थे। ,त्रिशा के साथ दो और लड़कियां भी रहती थी।
त्रिशा के पास इतने पैसे नही थे की ओ अकेले रूम का किराया दे सके इसीलिए दो और लडकियों के साथ मिल कर रहती थी।एक ही कमरे में तीन बेड लगे हुए थे।